कई बार एहसास तो होता है कि आज अपनी दिल की कुछ बातें चलो माँ-बाप को बता देते हैं पर पास होते हुए भी उनसे कुछ बोल नहीं पाते हैं, आइये पढ़ते हैं उन बातों को जो कहना तो चाहते हैं माता-पिता से, पर कभी कह नहीं पाते हैं-

  1. मैं आपसे बहुत प्यार करता हूँ

बेटा हो या बेटी, कई बार कुछ ऐसा हो ही जाता है जब हम आप अपने अभिभावकों को कहना तो चाहते हैं कि हम आपको बहुत प्यार करते हैं पर अक्सर एक झिझक हमको यह कहने से रोक ही लेती है.

  1. पापा अब आप नौकरी छोड़ आराम करो

पापा जी आते हैं कभी कभी जब थके हुए अपने ऑफिस से तो बस एक आवाज निकलती है दिल से पापा जी अब उम्र हो गयी अब नौकरी छोड़ दो. बेटा या बेटी कोई भी हो पर हम बोल नहीं पाते हैं क्योंकि जब यह बोलने का वक़्त होता है तब हम खुद जिंदगी में कहीं स्टैंड नहीं करते हैं.

  1. मैं फेल हो गया हूँ

जब कभी हम किसी एग्जाम में फेल हो जाते हैं. तो इतना इस बात का गम हमें नहीं होता है कि हम फेल हो चुके हैं, डर इस बात का लगता है कि अब माँ-बाप को बताया कैसे जाए कि हम फेल हो चुके हैं.

  1. प्यार में दिल टूटता है पर फिर भी कुछ नहीं बताते हैं

प्यार में जब भी कभी हमें धोखा मिलता है तो हम बहुत गमगीन हो जाते हैं. पूरा दिन घर में देवदास बनकर घूमते रहते हैं. चेहरा तो लूटा हुआ होता ही है हमारा, दिल भी टूटा होता है. माता-पिता को पता चलता है वह पूछते हैं पर कभी भी हम सच बता नहीं पाते हैं

  1. जी मैं अपनी गर्लफ्रेंड या बॉयफ्रेंड के साथ था

घर अगर हम लेट आते हैं तो माँ-बाप का गुस्सा देखकर डर जाते हैं. उनका सवाल होता है कि हम कहा था आज पूरे दिन? पर जवाब हम दे नहीं पाते हैं. दिल तो करता है कि आज सब सच बता दिया जाए पर नहीं, ना जाने क्यों हम बता ही नहीं पाते हैं.

  1. सिगरेट और दारू

बोल बेटा क्या तू सिगरेट पिता है ? दारू की बदबू तो तेरे कपड़ों में से आती है. पर हम कभी सच नहीं बोल पाते हैं. लड़का या लड़की हमारा सर ना में ही चलता है.

7.क्रिकेट की सट्टेबाजी

कई बार हम माँ-बाप के पैसों को सट्टेबाजी में गवा देते हैं. कई बार जुए में हार जाते हैं पर सच बताने की हिम्मत हम नहीं जुटा पाते हैं.